वन विभाग के एनओसी के इंतजार में मुख्यमंत्री माॅडल स्कूल समेत छह परियोजनाएं

जिले में वन विभाग की आपत्ति के कारण छह बड़ी परियोजनाएं धरातल पर नहीं उतर पा रही हैं। इनमें सबसे बड़ी 27 करोड़ की मुख्यमंत्री माॅडल स्कूल भी शामिल है। शेष मार्ग व लघु पुल की परियोजनाएं हैं। ये परियोजनाएं वन क्षेत्र से जुड़ी होने के कारण वन विभाग की एनओसी के लिए अटकी हुई हैं।लालगंज के तुलसी गांव में मुख्यमंत्री माॅडल स्कूल के लिए भूमि का चयन किया गया था। राजस्व विभाग ने चार हेक्टेयर (लगभग 16 बीघा) भूमि का प्रस्ताव दिया था। मॉडल स्कूल के लिए नामित कार्यदायी संस्था लोकनिर्माण विभाग की टीम जब मौके पर पहुंची तो वन विभाग ने उक्त भूमि को वन भूमि बताते हुए काम रोकवा दिया। इस पर कार्यदायी संस्था ने जिला प्रशासन व लालगंज प्रशासन से इसकी जांच की मांग की है। इस विद्यालय में कक्षा एक से लेकर कक्षा 12 तक की कक्षाएं चलेंगी। एक ही परिसर में बच्चों को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी।

मिर्जापुर। घोरावल-मड़िहान मार्ग पर बकहर नदी पर नए लघु पुल का निर्माण (धुरकरी गांव के पास) लंबे समय से अधर में है। 217.23 लाख रुपये की अनुमानित लागत वाले इस प्रोजेक्ट के लिए 54 लाख रुपये आवंटित होने के बावजूद निर्माण कार्य पूरा नहीं हो सका है। धुरकर या धुरकरी (सोनभद्र-मिर्जापुर सीमा) में स्थित बकहर नदी पर वर्तमान में पुराना पुल अंग्रेजों के जमाने का है। जो जर्जर हो गया है। कई बार आधारशिला रखे जाने के बावजूद निर्माण कार्य रुका हुआ है। वन भूमि से संपर्क होने के कारण वन भूमि ने आपत्ति जताई है। इस मार्ग पर भारी संख्या में कांवड़िये जाते हैं। मिर्जापुर। जिले में अपर हिनौती मार्ग से प्लेज पार्क तक मार्ग के नवनिर्माण का कार्य लॉजिस्टिक योजना के तहत प्रस्तावित है। इस सड़क परियोजना का क्रियान्वयन लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड की ओर से किया जा रहा है। 735 लाख रुपये के बजट वाले इस मार्ग का नवनिर्माण भी वन विभाग की आपत्ति से जुड़ा है।इस कार्य की भी कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग है और आपत्ति करने वाला वन विभाग है। मिर्जापुर। अष्टभुजा व कालीखोह में पर्यटन विकास का कार्य किया जाना है। 494 लाख रुपये की बजट वाली इस परियोजना से श्रद्धालुओं के लिए बेहतर पार्किंग, यात्री शेड आदि की व्यवस्था की जानी थी। ये कार्य यह भी वन भूमि से जुड़े होने के कारण अभी ठप है। इसके अतिरिक्त हलिया क्षेत्र में 88 लाख रुपये के बजट से वन विभाग के अंतर्गत आने वाले हलिया-मतवार (मतवरिया) संपर्क मार्ग का निर्माण या मरम्मत कार्य होना था लेकिन वन भूमि के दायरे में होने के कारण यह भी प्रभावित होता रहा है।
- राकेश कुमार, प्रभागीय वनाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री माॅडल स्कूल का संयुक्त सर्वे हो रहा है। इसके अतिरिक्त जो भी अन्य परियोजनाएं हैं, उनके लिए शासन से दिशा निर्देश मांगा गया है। उसी के अनुसार कार्य किया जाएगा। कमलेश कुमार, अधिशासी अभियंता लोकनिर्माण विभाग भवन
ने कहा कि वन विभाग की आपत्ति से जिलाप्रशासन को अवगत करा दिया गया है। कार्रवाई जारी है।
परमहंस आश्रम जाने वाले मार्ग की मरम्मत का भी नहीं मिला एनओसी
भावां। राजगढ़ क्षेत्र के भावा से सरसों होते हुए सक्तेशगढ़ परम हंस आश्रम जाने वाला मुख्य ग्रामीण मार्ग पूरी तरह जर्जर हो गया है। सड़क पूरी तरह से टूट चुकी हैं जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं और कीचड़ के कारण आवागमन बाधित हो रहा है।

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